उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का बहुत बुरा हाल : अखिलेश यादव

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का बहुत बुरा हाल है। सरकारी अस्पतालों में मरीज तड़पते रहते हैं उनके प्रति सामान्य मानवीय संवदेना भी नहीं दिखाई जाती है।अस्पतालों में दवा तक उपलब्ध नहीं है। स्ट्रेचर मरीजों को उपलब्ध न होने से तीमारदार ही उन्हें गोद में लाने को मजबूर होते हैं। यही भाजपा सरकार का अमानवीय आचरण है।      


संवेदनहीनता की हद तो तब देखने को मिलती है जब गरीब और असहाय व्यक्ति को उसके निकट सम्बंधी की मृत्यु पर शव वाहन तक नहीं मिलता है और घरवाले किसी तरह शव लेकर पैदल ही लम्बा सफर तय करने को मजबूर होते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों के प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र और सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का तो और भी बुरा हाल दिखाई देता है।समाजवादी सरकार में मरीज को घर से अस्पताल तक लाने के लिए 108 समाजवादी एम्बूलेंस सेवा और प्रसूताओं को अस्पताल लाने-लेजाने के लिए 102 नं0 सेवा शुरू की गई थी। भाजपा सरकार ने इसे बर्बाद कर दिया। नतीजतन, घंटो फोन करने पर भी एम्बूलेंस नहीं मिलती है। प्रसूताओं का प्रसव सड़क पर हो जाता है या लापरवाही से नवजात अथवा प्रसूता की मौत तक हो जाती है।


मरीज बड़ी उम्मीदों के साथ डाक्टर के पास आता है जिसको भगवान की संज्ञा दी जाती है। जब उनके सम्बंध बिगड़ते हैं तो तीमारदारों-डाक्टरों के बीच तनाव और संघर्ष के हालात पैदा हो जाते हैं। भाजपा सरकार अस्पतालों की व्यवस्था सुधारने में कोई रूचि नहीं ले रही है। भाजपा स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने में ही लगी है।