अमेठी: अंतिम यात्रा में शामिल हुईं स्मृति, दिया अर्थी को कंधा

उत्तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह ने कहा है कि सात लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।हमें उम्मीद है कि केस 12 घंटे में सुलझा लिया जाएगा।


अमेठी के गौरीगंज इलाके के बरौलिया गांव के पूर्व प्रधान सुरेंद्र सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई।सुरेंद्र स्मृति ईरानी के करीबी माने जाते थे।उन्होंने स्मृति की जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी।घटना की सूचना मिलने के बाद स्मृति दिल्ली से अमेठी पहुंचीं। उन्होंने मृतक के परिजन से मुलाकात की और सुरेंद्र के शव को कंधा भी दिया। सुरेंद्र के बेटे ने इस मामले में कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर शक जताया है।


सुरेंद्र सिंह को अंतिम विदाई देने के लिए गांव में लोगों की भीड़ उमड़ी थी। वहीं, गांव में तनाव को देखते हुए मौके पर फोर्स को तैनात किया गया है। पीएसी के अलावा बड़ी संख्या में पुलिसबल मौके पर पहले से ही मौजूद हैं।


बता दें कि रविवार सुबह इस मामले में मृतक सुरेंद्र सिंह के बेटे अभय ने कांग्रेस समर्थकों पर पिता की हत्या का शक जताया था। अभय ने कहा, "मेरे पिता स्मृति ईरानी के प्रचार में चौबीसों घंटे लगे रहते थे। स्मृति ईरानी की जीत के बाद विजय यात्रा निकाली जा रही थी। ये बात कांग्रेस समर्थकों को अच्छी नहीं लगी, शायद इसीलिए उनकी हत्या कर दी गई. हमें कुछ लोगों पर संदेह है। हालांकि, पुलिस को इस वारदात के पीछे परिवारिक रंजिश होने का शक है।